कई कारक VPN की गति को प्रभावित करते हैं, जिनमें ये शामिल है कि आप कौन से सर्वर चुनते हैं और कितने अन्य लोग आपकी VPN सेवा इस्तेमाल कर रहे हैं। हमने ये लेख इन कारकों को समझने में मदद के लिए बनाया है ताकि Proton VPN इस्तेमाल करते वक्त आपको सबसे अच्छी VPN गति मिल सके।
अगर आप इंटरनेट स्पीड और आपको धीमा या तेज़ करने वाले विभिन्न कारकों के बारे में गहराई से और जानना चाहें, तो कृपया लेटेंसी, बैंडविड्थ, और थ्रूपुट पे हमारा लेख देखें।
कुछ बुनियादी पृष्ठभूमि स्थापित करने के लिए:
VPN इस्तेमाल करने का मतलब है कि आपका डाटा क्लाइंट और सर्वर दोनों सिरों पे एन्क्रिप्ट और डीक्रिप्ट होता है, जिसके लिए प्रोसेसिंग पावर चाहिए। इसका मतलब ये भी है कि आपके डाटा को VPN सर्वर तक अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है, जिससे देरी हो सकती है (जैसा ऊपर बताए गए लेख में वर्णित है)।
इसलिए VPN इस्तेमाल करने का आपकी इंटरनेट स्पीड पे असर पड़ता है, लेकिन कितना असर पड़ेगा, ये कारकों पे निर्भर करता है, जैसे आप VPN सर्वर से कितनी दूर हैं, VPN सर्वर कितना व्यस्त है, VPN सर्वर वेबसाइट टारगेट या अन्य गंतव्य से कितनी दूर है, और आप कौन सा VPN प्रोटोकॉल इस्तेमाल करते हैं। Proton VPN हमारी सेवा इस्तेमाल करते वक्त इंटरनेट स्पीड को बहुत बेहतर करने के लिए एक परफॉर्मेंस-एन्हांसिंग प्रॉक्सी (PEP) भी लागू करता है।
हम इन सभी कारकों पे नीचे चर्चा करते हैं।
VPN गति को प्रभावित करने वाले कारक
दूरी
आपके डाटा को जो दूरी तय करनी पड़ती है, वही आपकी रॉ इंटरनेट कनेक्शन गति को प्रभावित करने वाला सबसे बड़ा कारक है। ये VPN इस्तेमाल करें या न करें, सही है, लेकिन VPN सर्वर तक की अतिरिक्त यात्रा की वजह से VPN आपके डाटा की दूरी और बढ़ा देता है।
दूरी इंटरनेट स्पीड को प्रभावित करती है क्योंकि इंटरनेट अनगिनत आपस में जुड़े अलग-अलग नेटवर्कों से बना है। इसलिए आपका डाटा जितनी दूर जाएगा, उसकी रूटिंग उतनी ही जटिल होगी, जिससे रास्ते में बाधाओं का सामना करने का खतरा बढ़ता है।
इन बाधाओं में ये शामिल हैं, लेकिन इन्हीं तक सीमित नहीं:
- ज़्यादा राऊटर, स्विच, और नेटवर्क, जिनसे होकर आपके डाटा पैकेट को जाना पड़ता है
- राऊटरों का सामना करने पे कंजेशन, जिससे डाटा पैकेट का नुकसान भी हो सकता है
- केबलों का प्रकार, जिनसे होकर आपके डाटा पैकेट को जाना पड़ता है। उदाहरण के लिए, पुराना तांबे-आधारित इंफ्रास्ट्रक्चर डाटा की गति को बहुत कम कर सकता है
- गंतव्य तक की अतिरिक्त भौतिक दूरी
गंतव्य तक जाते वक्त आपके डाटा को धीमा करने वाली बाधाएं लेटेंसी बढ़ाती हैं (जितने वक्त में आपका डाटा अपने गंतव्य तक पहुंचता है), चाहे आपके पास कितनी भी बैंडविड्थ उपलब्ध हो।
VPN इस्तेमाल करते वक्त आपके डाटा की यात्रा की दूरी बढ़ जाती है, क्योंकि उसे अपने इच्छित गंतव्य तक फॉरवर्ड होने से पहले VPN सर्वर तक जाना पड़ता है। हमारी Secure Core खासियत इस्तेमाल करते वक्त, डाटा दो VPN सर्वरों से रूट होता है (जिनमें से पहला स्विट्ज़रलैंड, आइसलैंड या स्वीडन में स्थित है), जिससे लेटेंसी और बढ़ जाती है।
VPN सर्वर लोड
हालांकि दूरी VPN परफॉर्मेंस को प्रभावित करने वाला सबसे बड़ा कारक है, VPN सर्वर लोड भी ज़रूरी है। सर्वर लोड बस ये है कि कोई दिया हुआ VPN सर्वर कितना व्यस्त है। यानी कितने लोग उसका इस्तेमाल कर रहे हैं।
किसी दिए हुए सर्वर को जितने ज़्यादा लोग इस्तेमाल करेंगे, उसके स्विचों पे नेटवर्क कंजेशन की संभावना उतनी ही ज़्यादा होगी। बड़ी संख्या में उपयोगकर्ता सर्वर के संसाधनों (प्रोसेसिंग पावर, मेमोरी, डिस्क थ्रूपुट, वगैरह) पे भी दबाव डाल सकते हैं, जो समग्र गति परफॉर्मेंस को प्रभावित कर सकता है।
जैसा कि हम लेख में आगे चर्चा करते हैं, हमारे ऐप्स सर्वर लोड इंडिकेटर दिखाते हैं ताकि आपको साफ दिख सके कि हर सर्वर कितना लोडेड है।
VPN प्रोटोकॉल
VPN प्रोटोकॉल और आपके डाटा को सुरक्षित रखने के लिए उनके इस्तेमाल किए गए एन्क्रिप्शन में जटिल गणित शामिल है, जिसे करने में कंप्यूटर प्रोसेसरों का वक्त लगता है।
आजकल ज़्यादातर लो-एंड मोबाइल फोन भी (डेस्कटॉप सिस्टम तो छोड़ ही दें) VPN से सुरक्षित डाटा को क्लाइंट-साइड पे एन्क्रिप्ट और डीक्रिप्ट करने के लिए ज़रूरी अतिरिक्त प्रोसेसिंग को बिना किसी ध्यान देने लायक परफॉर्मेंस नुकसान के संभाल सकते हैं, लेकिन VPN सर्वरों पे, जो एक वक्त में सैकड़ों कनेक्शन संभाल सकते हैं, आपका इस्तेमाल किया VPN प्रोटोकॉल इस बात को प्रभावित कर सकता है कि वे आपका डाटा कितनी तेज़ी से प्रोसेस करते हैं।
ठीक तरह से लागू किया गया OpenVPN बेहद सुरक्षित है, लेकिन कुछ अन्य VPN प्रोटोकॉल की तुलना में ये थोड़ा “भारी” और धीमा भी है। यानी इसे लागू करने के लिए ज़्यादा प्रोसेसिंग पावर चाहिए।
IKEv2 को व्यापक रूप से बहुत सुरक्षित माना जाता है, और साथ ही ये OpenVPN से कहीं ज़्यादा आधुनिक और कुशल प्रोटोकॉल भी है। इसलिए IKEv2 इस्तेमाल करने से OpenVPN की तुलना में बेहतर गति परफॉर्मेंस मिलती है।
VPN Accelerator
VPN Accelerator Proton VPN के लिए अनोखा है और इसमें तकनीकों का एक सेट शामिल है जो कुछ मामलों में आपकी VPN गति को 400% से ज़्यादा बढ़ा सकता है। इस नई तकनीक की बदौलत, हमारी सेवा इस्तेमाल करते वक्त आपको हमेशा सबसे अच्छी संभव VPN गति का आनंद मिलता है।
VPN Accelerator के प्रमुख पहलू हैं: एक री-इंजीनियर्ड OpenVPN, जो सत्रों को कई CPU थ्रेड्स के बीच बराबर बांटकर सर्वर लोड कम करता है; BBR नामक एक TCP डिले-कंट्रोल्ड TCP फ्लो कंट्रोल एल्गोरिदम, जो लेटेंसी को बहुत कम करता है; और विभिन्न अन्य सुधार, जैसे फॉरवर्डिंग की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए इंटरप्रोसेस कम्युनिकेशन को कस्टम-लिखे “कंपेनियन” प्रोसेस को सौंपना।
VPN Accelerator के बारे में और जानें
VPN गति परफॉर्मेंस को बेहतर कैसे करें
सर्वर बदलें
हमारी तुरंत जुड़ें खासियत आपके लिए सबसे अच्छा सर्वर अपने आप चुनते वक्त सभी प्रमुख कारकों को ध्यान में रखती है, लेकिन अगर आप मैन्युअल नियंत्रण लेना पसंद करते हैं, तो आपको निम्न कारकों को ध्यान में रखना चाहिए:
दूरी
आम तौर पे, भौगोलिक रूप से जितना संभव हो आपके जितने नज़दीक सर्वर से कनेक्ट करेंगे, गति परफॉर्मेंस उतनी ही बेहतर मिलेगी। और जैसा पहले बताया, यही आपकी VPN गति को प्रभावित करने वाला सबसे अहम कारक है।
अगर आपको किसी खास देश में किसी वेबसाइट या अन्य इंटरनेट संसाधन से कनेक्ट करना है, तो अपनी ज़रूरतें पूरी करने वाले सबसे नज़दीकी सर्वर से कनेक्ट करें। उदाहरण के लिए, अगर आप यूरोप में रहते हैं और Netflix का US वर्ज़न देखना चाहते हैं, तो हमारे किसी न्यूयॉर्क सर्वर से कनेक्ट होना अच्छा विकल्प है।
हालांकि, ये ध्यान रखने लायक बात है कि VPN Accelerator फिर भी दूरी की वजह से होने वाले परफॉर्मेंस नुकसान को बहुत हद तक कम कर देगा।
सर्वर लोड
जहां तक संभव हो, आपको ऐसे VPN सर्वर से कनेक्ट करना चाहिए जो व्यस्त न हो। Proton VPN ऐप्स हमारे हर सर्वर के लिए सर्वर लोड दिखाते हैं ताकि आप अपनी ज़रूरत के लिए मैन्युअल रूप से तेज़ सर्वर चुन सकें।

जब सर्वर लोड हल्का होता है, तो ये घेरा हरा होता है, सर्वर लोड मध्यम होने पे पीला, और सर्वर ओवरलोडेड होने पे लाल हो जाता है। ज़्यादा जानकारी के लिए आइकॉन पे क्लिक करें।
VPN प्रोटोकॉल बदलें
WireGuard आम तौर पे OpenVPN से तेज़ होता है, हालांकि अगर आपका WireGuard कनेक्शन धीमा है, तो देखने लायक है कि OpenVPN पे स्विच करने से मदद मिलती है या नहीं। हमारा Stealth प्रोटोकॉल सेंसरशिप से बचने के लिए बढ़िया है, लेकिन हमारे सहायता प्राप्त अन्य प्रोटोकॉल से धीमा भी है।
WireGuard और TCP मोड में OpenVPN, VPN ब्लॉक को तोड़ने में असरदार हो सकते हैं, लेकिन UDP मोड तेज़ होता है क्योंकि TCP एरर सुधार करता है, जबकि UDP नहीं करता (ज़्यादा जानकारी के लिए कृपया UDP और TCP में क्या फर्क है? देखें)।

जानें कि अपने प्लैटफॉर्म पे VPN प्रोटोकॉल कैसे बदलें
Secure Core या Tor इस्तेमाल न करें
हमारी Secure Core और VPN से Tor खासियतें आपकी ऑनलाइन निजता और सुरक्षा को बहुत बेहतर कर सकती हैं, लेकिन सबसे अच्छी गति परफॉर्मेंस के लिए हो सकता है कि आप इन्हें अक्षम करना चाहें।
जैसा ऊपर चर्चा की, Secure Core आपका VPN कनेक्शन दो VPN सर्वरों से रूट करता है, जिससे दूरी और कंजेशन की संभावना बढ़ती है। साथ ही Secure Core सर्वर स्थान सिर्फ तीन हैं, जिससे आपके डाटा को तय करनी पड़ने वाली दूरी बढ़ने की संभावना है।
Tor नेटवर्क आपका डाटा तीन रैंडम नोड्स से रूट करता है, जो दुनिया में कहीं भी स्थित हो सकते हैं, और हर बार उसे फिर से एन्क्रिप्ट करता है। इसलिए Tor सबसे अच्छे हालात में भी धीमा है।
अपना Proton VPN प्लैन अपग्रेड करें
Proton VPN एक 100% मुफ्त VPN प्लैन ऑफर करता है, जिसमें न डाटा की सीमा है और दुनिया भर के सर्वरों तक एक्सेस है (खासकर यूनाइटेड स्टेट्स, नीदरलैंड, जापान, पोलैंड, रोमानिया, कनाडा, नॉर्वे, मेक्सिको, सिंगापुर, और स्विट्ज़रलैंड में)। हम कोई कृत्रिम गति सीमा लागू नहीं करते, लेकिन हमारे मुफ्त सर्वर अक्सर हमारे Plus सर्वरों से धीमे होते हैं, सिर्फ इसलिए कि उनका इस्तेमाल ज़्यादा लोग करते हैं। जिससे सर्वर लोड बढ़ता है।
इसके अलावा, बहुत संभव है कि हमारे मुफ्त सर्वर भौगोलिक रूप से आपके बहुत नज़दीक स्थित न हों, जिससे दूरी बढ़ती है।
हमारे VPN Plus या Proton Unlimited प्लैन पे अपग्रेड करके(नई विंडो) आप ऐसे सर्वरों तक एक्सेस पा सकते हैं जो हमारे मुफ्त सर्वरों की तुलना में कहीं कम व्यस्त होंगे, और आपके भौगोलिक स्थान के कहीं नज़दीक भी।






